पत्रकार महासंघ छत्तीसगढ़ के प्रदेश स्तरीय चुनावों की घोषणा
तीन वर्षों की निर्णायक उपलब्धियों के बाद निष्पक्ष निर्वाचन की ओर संगठन
रायपुर। पत्रकार महासंघ छत्तीसगढ़, जिसकी स्थापना तीन वर्ष पूर्व सुनील कुमार यादव द्वारा कुछ संघर्षशील पत्रकारों के साथ की गई थी, आज प्रदेश में पत्रकारों के अधिकार, सुरक्षा और सम्मान की लड़ाई में एक सशक्त और विश्वसनीय संगठन के रूप में अपनी अलग पहचान बना चुका है। संगठन के गठन का मूल उद्देश्य पत्रकारों के लिए ऐसा मंच तैयार करना था, जो अन्याय, दमन और माफियाओं के विरुद्ध निर्भीक होकर संघर्ष कर सके तथा पत्रकार परिवारों के हितों की मजबूती से रक्षा कर सके।
बीते तीन वर्षों के दौरान पत्रकार महासंघ छत्तीसगढ़ ने अनेक संवेदनशील और चुनौतीपूर्ण मामलों में प्रभावी हस्तक्षेप किया। कांकेर जिले में पत्रकार कमल शुक्ला, बीजापुर जिले में मुकेश चंद्राकर तथा सुकमा जिले में रेत माफियाओं के अवैध कारोबार को उजागर करने के दौरान पत्रकार बप्पी राय से जुड़े प्रकरणों में संगठन ने मजबूती के साथ पत्रकार हितों की रक्षा की। इसके साथ ही प्रदेश के विभिन्न जिलों में रेत माफियाओं के विरुद्ध पत्रकारों को संगठित कर संघर्ष को नई धार दी गई।
पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग को लेकर छत्तीसगढ़ विधानसभा का घेराव, 2 अक्टूबर को रायपुर स्थित आकाशवाणी के सामने आयोजित पत्रकार संगठनों के महामंच से पत्रकार सुरक्षा को लेकर बुलंद आवाज, तथा पत्रकारों पर की गई फर्जी एवं दमनात्मक कार्यवाहियों के विरुद्ध लगातार संघर्ष—इन सभी प्रयासों ने संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत किया है। इन्हीं आंदोलनों और पहलों के चलते पत्रकार महासंघ छत्तीसगढ़ को आज प्रदेशभर में एक संघर्षशील और प्रभावशाली संगठन के रूप में जाना जाता है।
संगठन की नियमावली के अनुसार प्रत्येक तीन वर्षों में प्रदेश स्तर पर पदाधिकारियों का चुनाव पूर्णतः लोकतांत्रिक, पारदर्शी एवं निष्पक्ष प्रक्रिया के तहत कराए जाने का प्रावधान है। इसी क्रम में 11 जनवरी 2026 को राजधानी रायपुर में आयोजित प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि वार्षिक स्थापना दिवस से पूर्व ही प्रदेश पदाधिकारियों के चुनाव संपन्न कराए जाएंगे।
उक्त निर्णय के पालन में संगठन के निर्वाचन अधिकारी लव कुमार रामटेके द्वारा निर्वाचन अधिसूचना जारी की गई है। अधिसूचना के अनुसार मतदाता सूची प्रकाशित कर दी गई है, जिस पर 2 फरवरी 2026 तक दावा एवं आपत्ति आमंत्रित की गई है। इसके पश्चात 4 फरवरी को नाम निर्देशन पत्र दाखिल किए जाएंगे, 6 फरवरी को नाम वापसी की प्रक्रिया पूर्ण होगी, 7 फरवरी को मतदान कराया जाएगा तथा 8 फरवरी 2026 को निर्वाचन परिणाम घोषित किए जाएंगे।
निर्वाचन अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि संपूर्ण निर्वाचन प्रक्रिया संगठन की नियमावली के अनुरूप, निष्पक्षता, पारदर्शिता और लोकतांत्रिक मूल्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए संपन्न कराई जाएगी, जिससे प्रत्येक सदस्य स्वतंत्र एवं निर्भीक रूप से अपने मताधिकार का प्रयोग कर सके।
पत्रकार महासंघ छत्तीसगढ़ के निर्वाचन अधिकारी लव कुमार रामटेके ने बताया कि प्रदेश स्तरीय इस निर्वाचन प्रक्रिया के अंतर्गत अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, महासचिव, कोषाध्यक्ष एवं सचिव—कुल पाँच पदों के लिए पात्र सदस्य नामांकन पत्र दाखिल कर सकते हैं। संपूर्ण निर्वाचन प्रक्रिया संगठन की नियमावली के अनुरूप निष्पक्ष, पारदर्शी एवं लोकतांत्रिक ढंग से संपन्न कराई जाएगी।




